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एशियाई बाजारों में मचे कोहराम से भारतीय शेयर बाजार पस्त: सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट

· March 23, 2026 · 2 मिनट पढ़ें

ग्लोबल मार्केट से मिल रहे खराब संकेतों के चलते आज भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत बेहद निराशाजनक रही।

जापान, कोरिया और हांगकांग के बाजारों में आई भारी गिरावट का असर दलाल स्ट्रीट पर भी साफ देखा जा रहा है।

सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही प्रमुख सूचकांक लाल निशान के साथ खुले हैं, जिससे निवेशकों के करोड़ों रुपये स्वाहा हो गए हैं।

एशियाई बाजारों का हाल: क्यों मची भगदड़?

आज सुबह से ही एशियाई बाजारों में बिकवाली का भारी दबाव देखा गया। गिरावट का सिलसिला कुछ इस प्रकार रहा:निकेई (जापान): जापानी बाजार में सबसे बड़ी गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों के बीच अनिश्चितता का माहौल बन गया।कोस्पी (दक्षिण कोरिया): कोरियाई बाजार भी वैश्विक आर्थिक चिंताओं के कारण दबाव में दिखा।हेंगसेंग (हांगकांग): यहाँ भी बिकवाली का दौर जारी रहा, जिसका सीधा असर एशियाई सेंटीमेंट्स पर पड़ा।भारतीय बाजार पर असर: रेड सिग्नल की चेतावनीएशियाई बाजारों से मिले ‘रेड सिग्नल’ ने भारतीय निवेशकों के होश उड़ा दिए हैं। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक मंदी की आहट और विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की लगातार बिकवाली ने स्थिति को और गंभीर बना दिया है।विशेषज्ञों की राय: बाजार में मौजूदा अस्थिरता को देखते हुए निवेशकों को जल्दबाजी में बड़े फैसले लेने से बचना चाहिए। फिलहाल “वेट एंड वॉच” (रुको और देखो) की नीति अपनाना ही समझदारी होगी।गिरावट के प्रमुख कारणग्लोबल इकोनॉमिक स्लोडाउन: दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में विकास की धीमी रफ्तार।ब्याज दरों का डर: केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों में संभावित बदलाव की आशंका।जियोपॉलिटिकल तनाव: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जारी तनाव का असर सप्लाई चेन और कच्चे तेल की कीमतों पर पड़ रहा है।

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